sponsor

गुरुवार, 7 फ़रवरी 2013

चुनावी साल में सबको साधने की तैयारी



 भोपाल। चुनावी साल में हैट्रिक की तैयारी में जुटी प्रदेश सरकार में मंथन का दौर जारी है। सबको साधने की रणनीति के तहत मुख्यमंत्री  शिवराज सिंह चौहान ने गुरुवार की शाम राज्य मंत्रिमंडल के सभी सदस्यों को अपने निवास पर आमंत्रित कर उनकी समस्याओं को सुना। इससे पहले उन्होेंने समयमान वेतनमान संबंधी मंत्रालय के कर्मचारियों की वर्षों पुरानी मांग को पूरा किया। श्री चौहान ने सरकार के आगामी सामान्य बजट को लेकर विभिन्न विभागों के प्रमुख सचिवों से भी चर्चा की।
 मंत्रि परिषद के सदस्यों के साथ मुख्यमंत्री की प्रस्तावित अनौपचारिक बैठक लंबे इंतजार के बाद गुरुवार को हो सकी है। इससे पहले यह बैठक दो बार टाल दी गई थी। बैठक में परिषद के ज्यादातर सदस्य मौजूद थे। इसमें चुनावी साल में सरकार के कामकाज व परफार्मेंस को लेकर चर्चा हुई। मंत्रियों ने क्षेत्र की समस्याओं के साथ ही प्रशासिनक अधिकारियों के रवैए को भी मुख्यमंत्री के समक्ष उजागर किया। बैठक में लोकायुक्त पुलिस के छापों के दौरान करोड़ों के भ्रष्टाचार के मामले उजागर होने का मुद्दा भी उठा। भ्रष्टाचार के इस तरह के बड़े मामले सामने आने से सरकार की छवि पर भी विपरीत असर पड़ रहा है। मंत्रियों ने कहा कि माल अफसर खा रहे हैं और बदनाम मंत्री हैं। बैठक में किसानों को राहत देने के लिए और अधिक प्रभावी कदम उठाने, बिजली आपूर्ति में सुधार लाने व  कानून व्यवस्था पर नियंत्रण रखने के मुदÞ्दों पर भी चर्चा हुई। वहीं विधान सभा बजट सत्र के दौरान विपक्ष के हमलों का प्रभावी तरीके से जवाब देने की रणनीति पर भी चर्चा हुई। ज्ञात हो कि विधानसभा का बजट सत्र आगामी 18 फरवरी से है और आज की बैठक के बाद अनेक मंत्री सत्र शुरु होने पर ही वापस भोपाल लौटेंगे।
 वेट कम कर डीजल सस्ता करने की तैयारी
 जानकारों के मुताबिक, चुनावी साल में सरकार  किसानों को खुश करने के पक्ष में है। इसके लिए डीजल पर वेट कम कर किसानों को राहत दिए जाने के संकेत हैं। इससे पहले सरकार किसानों को गेहूं के समर्थन मूल्य पर दिए जाने वाले बोनस की राशि सौ से बढ़ा कर डेढ़ सौ रुपए करने व बिजली कनेक्शन 12 सौ रुपए प्रति हॉर्सपावर के फ्लैट रेट पर दिए जाने की घोषणा पहले ही कर चुकी है। इसके लिए चुनावी साल का बजट एक लाख करोड़ रुपए से अधिक का लाए जाने के संकेत हैं। इसी तारतम्य में सभी मंत्रियों से भी आज उनके विभागों से संबंधित प्रमुख प्रस्तावित योजनाओं व इसके लिए आवश्यक बजट संबंधी जानकारी भी ली गई।
 मंत्रालय के कर्मचारियों को समयमान वेतनमान
 गुरुवार को ही सुबह आयोजित राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में राज्य मंत्रालय के सहायक ग्रेड तीन के कर्मचारियों को उनकी बीस साल की सेवा के बाद 4500- 7000 के स्थान पर 5500-9000 का समयमान वेतनमान दिए जाने का निर्णय लिया गया। मंत्रालय के कर्मचारी लंबे समय से इसकी मांग कर रहे थे। मंत्रिमंडल के फैसले का पता चलते ही उनमें हर्ष की लहर दौड़ गई।  

ads

Entri Populer